दूर से आती रोशनी की एक किरण मन मे कही आशा की लौ जगा जाती है
अंध्रो से लड़ने का हौसला दे जाती है
निराशा के मरुस्थल मे पानी की एक बूंद सी लगती है ।
ये सफर है निराशाओ से आशाओ तक का
ये सफर है मन के द्वंद से उबरने का
ये सफर है अन्धेरो से [...]
Archive for May 1st, 2008
रोशनी की एक किरण
Posted in zindagi, tagged aasha, Blogroll, hindi poetry, kala, kavita, muskan, roshani on May 1, 2008 | 1 Comment »

